अमीर खुसरो ।।।।।।। Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps May 27, 2021 Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps Comments
अमीर खुसरो।। खुसरो रैन सुहाग की, जगी पी के संग। तन मेरो मन पी को, दोऊ भय एक रंग।। ये दोहा खुसरो जी के माध्यम रचा गया है। इस दोहा के माध्यम खुसरो जी इस संसार को प्रेम के बारे में बता रहे है । प्रेम का अर्थ और प्रेम में विलीन हो गए दो आत्माओं को उन्होंने एक आत्मा बताया है। इनकी दोहा पूर्ण रूप से आध्यात्मिकता के रंग में रंगा हुआ है। ये दोहा ब्रजभाषा में लिखा गया है। अर्थात् ..... सुहाग रात में पिया के संग जागकर बिताई है। यह तन ही मेरा है ,मन तो पिया का है, पिया मिलन के उपरांत तो दोनो एकाकार हो गए,एक दूसरे में विलीन हो गए।। यह "पी"का अर्थ भगवान से किया गया है ,और नायिका "आत्मा"का बोध कराती है।"रैन" सांसारिकता को सूचित करता है।।❤️❤️❤️🥰🥰 May 27, 2021 Read more
।।।।।।।।।।।।।विद्यापति स्तुति।।।।।।।।।।।। ####### अर्द्ध नारीश्वर शिव की स्वरूप की वंदना########## £हे देवाधिदेव शंकर । हे त्रिपुरारि। हे अर्द्ध नारीशावर शिव आपका आधा वेश पुरुष और आधा वेश नारी का है।आपका आधा शरीर धवल वर्ण का है और आधा भाग गौर वर्ण का है ।आधे भाग का स्वाभाविक पुरुष कुच सुशोभित हैं और आधे भाग में कटोरे के समान उभार वाला वक्ष स्थल हैं।####। हे अर्द्ध नारिश्वर ।आपके आधे भाग में मुंडमाला शोभा दे रही है और आधे भाग में गज मुक्ताओ की माला विराज रही है।आधे शरीर में चंदन का लेप है और आधे भाग में भस्म लगी हुए है।आधे भाग में चेतन मति अर्थात् स्त्री-सुलभ सहज चंचलता शोभा दे रही है और दूसरे भाग में भोलापन अर्थात् सहज उदासीनता है। ####आधे भाग में आप रेशमी वस्त्र धारण किए हुए हैं और आधे भाग में मूंज की मेखला शोभा देती है।आपके शरीर का आधा भाग योगी के समान हेयर आधा भाग भोग - विलास का सूचक है । आधा भाग रेशमी वस्त्र सुसज्जित हेयर आधा भाग नग्न है,जो आपकी वैराग्य भावना को सूचित करता है।#####। ££ हे अर्द्ध नारिश्वर।आपके आधे मस्तक में चंद्रमा विराजमान है और आधे में सिन्दूर शोभायमान है। आपका आधा भाग रूप-रहित है और आधा भाग अपने रूप से संसार को लुभाता है। कवि विद्यापति कहते हैं कि विधाता ही जानता है कि उसने किस प्रकार कौशल से एक ही प्राण में दो भागों का निर्माण किया है।###। ££ विशेष= भगवान शंकर को योगी और भोगी की पौराणिक कल्पना यहां साकार हुई है। योग और भोग का समन्वय ही शिवत्व है ।।।।। #####हर हर महादेव######### May 27, 2021 Read more
हमारा घर........ हो सबसे सुंदर हमारा घर, देख- देख सब जल- भुन जाए, हो ऐसा प्यारा हमारा घर, दूर शहर से इंद्रधनुष सा, साजा हो कलियां फूलों से, मन मरा चाहे ऐसा घर, घर की चोटी पर हो एक मन्दिर, छुए जब सूरज की किरण, चमक उठे चांदी सा घर, सोच- सोच में डूब जाऊं, कब होगा ऐसा हमारा घर, उत्तर में विशाल झील , आगे जंगल वनचर हो, कहे हदय धक- धक करके, होगा एक दिन ऐसा घर, देखे झरोखों से झरना , वही से होगा पानी भरना, हैं सबकी कल्पना हमारा घर , सबका होए ऐसा घर।। May 27, 2021 Read more
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